💐मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम के जन्म भूमि पूजन के पावन अवसर💐 पर जैमिनी अकादमी द्वारा आयोजित💐 कवि सम्मेलन में प्रस्तुत मेरे भक्तिमय रचना 💐 *प्रभु श्री राम की महिमा* 💐पर मिले 💐💐जय श्रीराम स्मृति सम्मान पत्र 💐💐 गौरवान्वित महसूस कर संपादक महोदय विजेंद्र जैमिनी जी को बहुत-बहुत धन्यवाद और हार्दिक आभार व्यक्त करती हूं 🙏🙏जय श्री राम🙏🙏💐
💐💐श्री राम जी की महिमा 💐💐
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अविनाशी श्रीराम हृदय में रहते विराजमान।
वानर गिलहरी शबरी सबका करते सम्मान।।
न सत्तालोलुप न अहंकार समभावी है रूप।
सांवली सूरत मोहनी मूरत के वे प्रतिरूप।।
अयोध्या नगरी है जग में सबसे बड़ा धाम।
तीनो लोक में सबसे बड़ा श्रीराम का नाम।।
अयोध्या का मंदिर भारत का स्वाभिमान।
मर्यादा और त्याग की प्रतिमूर्ति हैं श्री राम।।
कर्तव्यपरायणता, परदुखकातरता, उदारता वात्सल्यता,अहंकार शून्य,श्रेष्ठतम हैं गुण।।
मानवोचित वीरता, क्षमाशीलता जीवनादर्श।
शालीनता नीति कुशलता व्यक्तित्व संपूर्ण।।
विषम परिस्थिति, अडिग निर्णय, नीतिपूर्ण। धर्मरक्षक,न्यायप्रिय महिमामंडित श्री राम।।
आराध्य हमारे हुए अवतरित अयोध्या धाम।
मंगल भवन में विराजें मेरे आदर्श प्रभु राम।।
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सुनीता रानी राठौर
पूर्व अध्यापिका
ग्रेटर नोएडा (उत्तर प्रदेश)
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